बस्ती को ‘बेस से स्पेस’ तक ले जाने के संकल्प के साथ श्री शतचंडी महायज्ञ का आयोजन, आज होगी पूर्णाहुति

बस्ती को ‘बेस से स्पेस’ तक ले जाने के संकल्प के साथ श्री शतचंडी महायज्ञ का आयोजन, आज होगी पूर्णाहुति

रिर्पोटर – इन्द्र भूषण चौबे 

जीडी मार्बल हाउस में विशाल मां भगवती जागरण एवं भंडारे का आयोजन, मनीष मिश्रा बोले—बस्ती को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाना लक्ष्य

बस्ती। जनपद बस्ती के विकास, समृद्धि और आध्यात्मिक उन्नति की कामना के साथ जीडी मार्बल हाउस में श्री शतचंडी महायज्ञ का आयोजन किया गया। पहल संस्था के संस्थापक मनीष मिश्रा के नेतृत्व में आयोजित इस धार्मिक अनुष्ठान की पूर्णाहुति गुरुवार को होगी। इस अवसर पर विशाल मां भगवती जागरण एवं भंडारे का भी आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम में जनपद के अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए युवा समाजसेवी जीडी मिश्रा एवं संजय मिश्रा ने सभी जनपदवासियों से शामिल होने की अपील की है।

आयोजकों के अनुसार, इस अनुष्ठान का उद्देश्य धार्मिक आस्था को मजबूत करने के साथ बस्ती के विकास, सामाजिक उत्थान और जनभागीदारी को नई दिशा देना है। जीडी मिश्रा एवं संजय मिश्रा ने कहा कि बस्ती को ‘बेस से स्पेस’ तक ले जाने के संकल्प के साथ मनीष मिश्रा के नेतृत्व में यह आयोजन किया गया है। उनका मानना है कि आध्यात्मिक आयोजनों के माध्यम से समाज को एकजुट कर विकास की नई संभावनाओं को साकार किया जा सकता है।

पहल संस्था के संस्थापक मनीष मिश्रा ने कहा कि वह पिछले 20 वर्षों से प्रदोष व्रत का पालन कर रहे हैं। मूल रूप से बस्ती जनपद के बानपुर के निवासी मनीष मिश्रा ने कहा कि अपनी जन्मभूमि को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना उनका उद्देश्य है। इसी संकल्प के साथ बस्ती में धार्मिक एवं आध्यात्मिक आयोजनों के माध्यम से विकास की नई राह तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि आचार्य रामचंद्र शुक्ल की धरती और गुरु वशिष्ठ की पावन भूमि बस्ती में अपार संभावनाएं हैं। जरूरत इन संभावनाओं को पहचानने, युवाओं को अवसर उपलब्ध कराने और सामाजिक सहभागिता को मजबूत करने की है। उन्होंने संकेत दिया कि आने वाले विधानसभा चुनाव से पहले एक भव्य धार्मिक अनुष्ठान आयोजित करने की रूपरेखा तैयार की जा रही है। प्रस्तावित आयोजन में केरल क

मनीष मिश्रा ने कहा कि आने वाले समय में बस्ती में ऐसे धार्मिक और सामाजिक आयोजन किए जाएंगे, जिनसे जनपद को नई पहचान मिलेगी। उनका लक्ष्य बस्ती को विकास की ऐसी ऊंचाइयों तक पहुंचाना है, जहां से इसकी पहचान देश ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी स्थापित हो सके।

मनीष मिश्रा ने सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तीकरण से जुड़ी पहलों का उल्लेख करते हुए बताया कि राम जी के स्वयं सहायता समूह के माध्यम से करीब 11 हजार महिलाओं को जोड़ने का कार्य किया गया है। उनका कहना है कि महिलाओं को संगठित कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत करने की दिशा में प्रयास जारी हैं।

उन्होंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में युवाओं की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के लिए प्रत्येक ग्राम सभा में क्रिकेट टीम तैयार की गई है। इसके साथ ही करीब एक हजार युवाओं को रोजगार से जोड़ने का दावा भी किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना और उन्हें सकारात्मक गतिविधियों से जोड़ना सामाजिक विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों का जिक्र करते हुए मनीष मिश्रा ने बताया कि वीर सावरकर डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से सैकड़ों छात्र-छात्राओं को निःशुल्क अध्ययन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। इस पहल का उद्देश्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षिक वातावरण और अध्ययन के संसाधन उपलब्ध कराना है।

उन्होंने कहा कि आने वाले समय में इस सुविधा का लाभ लेने वाले विद्यार्थियों की संख्या और बढ़ाई जाएगी। युवाओं को शिक्षा, रोजगार और खेल के माध्यम से आगे बढ़ाने के साथ महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी प्रयास लगातार जारी रहेंगे।

मनीष मिश्रा ने कहा कि बस्ती को ‘बेस से स्पेस’ तक ले जाने का संकल्प केवल एक नारा नहीं, बल्कि सामाजिक सहभागिता, शिक्षा, रोजगार, महिला सशक्तीकरण और आध्यात्मिक चेतना से जुड़ा अभियान है। श्री शतचंडी महायज्ञ की पूर्णाहुति के अवसर पर आयोजित मां भगवती जागरण एवं भंडारे के माध्यम से लोगों को धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकजुटता का संदेश देने का प्रयास किया जा रहा है।

आयोजकों ने जनपदवासियों से गुरुवार को होने वाले धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होकर अनुष्ठान को सफल बनाने की अपील की है। उनका विश्वास है कि सामूहिक प्रयासों और जनसहभागिता से बस्ती विकास की नई ऊंचाइयों को छू सकती है।